khabar abhi tak

रेलवे बजट 2025: वंदे भारत, स्टेशन रिडेवलपमेंट और यात्रियों की सुविधाओं पर रहेगा फोकस



नई दिल्ली: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज, 1 फरवरी 2025, को संसद में केंद्रीय बजट पेश करेंगी। इस बजट को लेकर रेलवे क्षेत्र में भी खासा उत्साह बना हुआ है। भारतीय रेलवे, देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ मानी जाती है, और इस बजट में इसकी विकास योजनाओं को लेकर कई अहम घोषणाएं होने की उम्मीद है।

वंदे भारत और हाई-स्पीड ट्रेनों पर जोर

बजट 2025 में भारतीय रेलवे को और अधिक अत्याधुनिक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए जाने की संभावना है। सरकार वंदे भारत ट्रेनों के विस्तार पर ध्यान केंद्रित कर सकती है। यह अनुमान लगाया जा रहा है कि नई वंदे भारत ट्रेनों की संख्या बढ़ाई जाएगी और नए मार्गों पर इनका संचालन शुरू किया जाएगा। साथ ही, हाई-स्पीड रेल नेटवर्क को लेकर भी बड़ी घोषणाएं संभव हैं।

रेलवे बजट 2025 में हो सकती हैं ये प्रमुख घोषणाएं

  • वंदे भारत स्लीपर ट्रेन, वंदे मेट्रो, बुलेट ट्रेन जैसी आधुनिक ट्रेनों की शुरुआत।
  • जम्मू-कश्मीर तक नई रेलवे लाइन के पूरा होने का उल्लेख।
  • रेलवे स्टेशनों के आधुनिकीकरण, नेटवर्क की भीड़भाड़ कम करने और नई ट्रेनों के संचालन को प्राथमिकता।
  • बजट में इन क्षेत्रों को मिल सकता है अधिक फंड

    • पटरियों के विस्तार, बेसिक इंफ्रास्ट्रक्चर के आधुनिकीकरण और आवश्यक उपकरणों जैसे कि इंजन, कोच और वैगनों की खरीदारी।
    • मुंबई-अहमदाबाद हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर (बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट) के लिए अतिरिक्त फंडिंग, जिससे इसे जल्द से जल्द पूरा किया जा सके।
    • लंबी दूरी की यात्रा के लिए आरामदायक वंदे स्लीपर ट्रेनों की शुरुआत की योजना।

    मौजूदा वर्ष के लिए कहां कितना हो सकता है खर्च

    • रोलिंग स्टॉक के लिए 50,903 करोड़ रुपये।
    • कैपेसिटी एन्हांसमेंट (नई रेल लाइन, गेज परिवर्तन, ट्रैक डबलिंग, सुविधाएं, इलेक्ट्रिफिकेशन, PSU निवेश और महानगरीय परिवहन) के लिए 1.2 लाख करोड़ रुपये।
    • सुरक्षा उपायों के लिए 34,412 करोड़ रुपये।

    बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट के लिए बढ़ सकती है फंडिंग

    वित्त वर्ष 2025 में, भारतीय रेलवे ने नेशनल हाई स्पीड रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (NHSRCL) को बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट के लिए ₹21,000 करोड़ आवंटित किए थे। इस मार्ग पर इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट को गति देने के लिए फंडिंग में महत्वपूर्ण वृद्धि की उम्मीद है।


Post a Comment

Previous Post Next Post
khabar abhi tak
khabar abhi tak
khabar abhi tak