जबलपुर। नीट परीक्षा में हुई गड़बड़ी के खिलाफ नई दिल्ली के जंतर मंतर पर प्रदर्शन कर रहे जेन-जी छात्रों को जनरेशन गटर कहने पर भारतीय जनता पार्टी की सांसद कंगना रनौत का जबलपुर में कड़ा विरोध शुरू हो गया है। शनिवार को शहर के व्यस्त घंटाघर चौराहे पर एकत्रित हुई छात्राओं ने सांसद कंगना का पुतला जलाकर उनके पद से तुरंत इस्तीफे की मांग की। छात्रा नेता रुचिका गुप्ता के नेतृत्व में हुए इस प्रदर्शन में छात्रों और महिलाओं पर की गई आपत्तिजनक टिप्पणी को पूरी तरह से अनुचित बताया गया। कॉकरोच जनता पार्टी के मंच से जुड़े इस पूरे मामले पर आक्रोशित छात्राओं का कहना है कि हक की लड़ाई लड़ रहे युवाओं और महिलाओं का ऐसा अपमान कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
लोकतांत्रिक मूल्यों का हनन बर्दाश्त नहीं
प्रदर्शनकारी छात्राओं ने स्पष्ट किया कि दिल्ली में अपनी मांगों को लेकर सड़क पर उतरे छात्रों ने पुलिस की लाठियां तक खाई हैं। छात्रा रुचिका गुप्ता ने कहा कि ऐसे गंभीर और संवेदनशील मुद्दे पर किसी सांसद द्वारा ऐसी अभद्र भाषा का प्रयोग लोकतांत्रिक मर्यादाओं के बिल्कुल उलट है। युवाओं और महिलाओं की आवाज दबाने का प्रयास किया जा रहा है जिसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। जबलपुर की छात्राओं ने भारी पुलिस बल की मौजूदगी में अपना विरोध दर्ज कराते हुए पुतला दहन किया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कंगना रनौत पर सख्त कार्रवाई करते हुए उन्हें सांसद पद से नहीं हटाया गया, तो जबलपुर में यह आंदोलन और अधिक उग्र रूप धारण करेगा और शहर के हर कोने में विरोध जताया जाएगा।
सोशल मीडिया टिप्पणी से उपजा तीखा आक्रोश
विवाद की मुख्य वजह कंगना रनौत का वह सोशल मीडिया पोस्ट है, जिसमें उन्होंने दिल्ली के जंतर मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी के तले हुए छात्र प्रदर्शन पर निशाना साधा था। उन्होंने इंस्टाग्राम स्टोरी साझा करते हुए प्रदर्शन कर रहे जेन-जी युवाओं को जनरेशन गटर की संज्ञा दी थी। इसके अलावा उन्होंने प्रदर्शन से जुड़ी वीडियो रील्स को बेहद भद्दा और घृणास्पद करार दिया था। सांसद ने लिखा था कि ऐसे दृश्य देखकर उन्हें उल्टी आने जैसी अनुभूति होती है और इतने खराब कंटेंट वाले वीडियो उन्होंने अपनी जिंदगी में पहले कभी नहीं देखे। उन्होंने युवाओं के बोलने के ढंग पर सवाल उठाते हुए उनकी परवरिश और जन्म देने वालों पर भी अशोभनीय सवाल खड़े किए थे, जिससे छात्रों में गुस्सा भड़क उठा।
