जबलपुर। मध्यप्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड के दमोह वृत के हटा उपसंभाग में पदस्थ सहायक अभियंता राजेश कुमार सहाय को भ्रष्टाचार के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। 25 जून 2026 को सागर लोकायुक्त की टीम ने उन्हें रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा था। इस घटना के बाद विभागीय प्रबंधन ने बिना किसी देरी के सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की है। अधीक्षक अभियंता के प्रतिवेदन पर यह निलंबन आदेश जारी हुआ है। अब उनके विरुद्ध विभागीय जांच की प्रक्रिया भी तेज कर दी गई है। विभाग की इस त्वरित कार्रवाई से महकमे में हड़कंप की स्थिति है।
जीरो टॉलरेंस की नीति पर अमल
कंपनी ने स्पष्ट किया है कि भ्रष्टाचार के मामलों में किसी भी अधिकारी के प्रति कोई रियायत नहीं बरती जाएगी। निलंबन की अवधि में राजेश कुमार सहाय का मुख्यालय मुख्य अभियंता कार्यालय शहडोल नियत किया गया है। उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता ही देय होगा। विभाग का यह कड़ा रुख संदेश देता है कि पारदर्शी और जवाबदेह कार्यसंस्कृति ही मुख्य प्राथमिकता है। फील्ड स्तर पर अनियमितता करने वाले किसी भी अधिकारी पर अब विभाग कड़ी नज़र रखेगा। उपभोक्ताओं से भी अपील की गई है कि किसी भी प्रकार की अवैध मांग होने पर तुरंत उच्च अधिकारियों को सूचित करें ताकि भविष्य में भ्रष्टाचार मुक्त व्यवस्था को मजबूती से लागू किया जा सके।
