जबलपुर। बेलबाग थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक ऐसे गिरोह का खुलासा किया है जो लोगों को झांसा देकर उनके बैंक खाते खुलवाता था और फिर उनके एटीएम कार्ड तथा खातों की गोपनीय जानकारी बेचकर अवैध कमाई करता था। थाना प्रभारी जितेन्द्र पाटकर ने बताया कि 27 जून को बेलबाग तिराहा के पास वाहन चेकिंग के दौरान सौरभ कुमार रजक उम्र 31 वर्ष निवासी न्यू कंचनपुर को बिना नंबर की एक्सिस स्कूटी के साथ पकड़ा गया। तलाशी में उसके पास से 10 अलग-अलग लोगों के एटीएम कार्ड और 20 हजार रुपये नगद बरामद हुए। पूछताछ में सौरभ ने रोहित निवासी मांडवा बस्ती और नितिन 3333 नाम के व्यक्ति के साथ मिलकर इस धोखाधड़ी को अंजाम देने की बात स्वीकार की। पुलिस ने सौरभ रजक, रोहित और नितिन 3333 के खिलाफ धारा 318 (4), 61 (2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
एटीएम और बैंक खातों की जानकारी बेच रहे थे
पूछताछ में पता चला कि आरोपी रोहित अलग-अलग खातों से पैसे निकालने के लिए सौरभ को एटीएम कार्ड देता था। सौरभ का काम कैश डिपाजिट मशीन के जरिए उन खातों में अवैध पैसा डालना था। आरोपी नितिन 3333 के वाट्सअप को खंगालने पर उसमें लोगों के पैन कार्ड, आधार कार्ड, बैंक खाते, लॉगिन आईडी और पासवर्ड जैसी संवेदनशील जानकारी मिली। सौरभ ने स्वयं के 5 खाते खुलवाए थे, जिनमें से एक खाते में मुजफ्फरपुर यूपी से साइबर फ्रॉड की शिकायत दर्ज है। दीपक सोनी और ओंकार चौधरी के खातों की जानकारी भी नितिन को बेची गई थी, जिन पर गुजरात और राजस्थान में साइबर अपराध के मामले दर्ज हैं। पुलिस अब रोहित और नितिन की तलाश कर रही है।इस कार्रवाई में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आयुष जाखड़, जितेन्द्र सिंह, नगर पुलिस अधीक्षक सोनू कुर्मी और उप पुलिस अधीक्षक अंजुल अयंक मिश्रा के मार्गदर्शन में उप निरीक्षक विजय धुर्वे, मानसिंह बागरी, धर्माजी पवार, अनुराग सिंह एवं सायबर सेल के उप निरीक्षक आशुतोष मिश्रा की भूमिका सराहनीय रही।
