मानसून पूर्व मेंटिनेंस: एसई-सीई को निरीक्षण के निर्देश
जबलपुर। मप्र के ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने मंत्रालय में आयोजित समीक्षा बैठक में विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि वे मानसून पूर्व मेंटिनेंस कार्यों की नियमित रूप से निगरानी करें। उन्होंने कहा कि अधीक्षण अभियंता और मुख्य अभियंता इन कार्यों का व्यक्तिगत रूप से निरीक्षण करें ताकि कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित हो सके। बेहतर मेंटिनेंस होने पर मानसून के दौरान बिजली ट्रिपिंग की समस्या का प्रभावी समाधान होगा। श्री तोमर ने मेंटिनेंस कार्य में उच्च गुणवत्तापूर्ण सामग्री के उपयोग की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि सामग्री का उपयोग करने से पहले उसका लैब में आवश्यक परीक्षण किया जाना चाहिए।
जहां स्टाफ की कमी, वहां रिटायर्ड अमले को बुलाओ
ऊर्जा मंत्री ने यह भी जानकारी दी कि समाधान योजना की अवधि 15 मई तक बढ़ा दी गई है। उन्होंने निर्देश दिए कि बड़े और छोटे बकायदारों से व्यक्तिगत संपर्क कर वसूली की कार्यवाही की जाए। उन्होंने वसूली की प्रक्रिया अप्रैल माह से ही प्रारंभ करने और सबसे पहले बड़े बकायदारों से वसूली करने पर ज़ोर दिया। इस संबंध में क्षेत्रीय विधायकों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों से चर्चा कर सहयोग लेने के निर्देश भी दिए गए। गलत बिजली बिलों के मामलों में त्वरित सुधार के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही, जहां स्टाफ की कमी है, वहां सेवानिवृत्त कर्मचारियों की सेवाएँ लेने की कार्ययोजना बनाने की बात कही गई। इसके अलावा, आगामी मूंग की फसल के सीजन को ध्यान में रखते हुए पॉवर ट्रांसफार्मर पर ओवरलोडिंग रोकने और निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए भी आवश्यक कदम उठाने को कहा गया। बैठक में सचिव ऊर्जा विशेष गढ़पाले और ओएसडी विजय गौर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
