भोपाल. मोहन यादव सरकार में पुनर्वास की आस लगाए बैठे भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) नेताओं के लिए बड़ी खबर सामने आई। मध्यप्रदेश में निगम, मंडलों और आयोगों में नियुक्तियां शुरू हो गई हैं। इसी क्रम में सबसे पहली नियुक्ति वरिष्ठ बीजेपी नेता और पूर्व मंत्री जयभान सिंह पवैया की हुई है। पवैया को छठवें राज्य वित्त आयोग का अध्यक्ष बनाया गया है।
राज्य वित्त आयोग में पवैया के साथ पूर्व आईएएस केके सिंह को सदस्य बनाया जाएगा। साथ ही विधानसभा के पूर्व एडिशनल सेक्रेटरी वीरेंद्र कुमार को सदस्य सचिव नियुक्त किया गया है। वीरेंद्र कुमार राज्य वित्त सेवा के अधिकारी रह चुके हैं और मप्र वित्त विभाग में एडिशनल सेक्रेटरी रह रहे हैं। जानकारी के अनुसार सरकार के निगम, मंडल और आयोगों में यह पहली राजनीतिक नियुक्ति है।
राज्य वित्त आयोग का यह होगा काम
आयोग पंचायत और नगरीय निकायों को आवंटित की जाने वाली राशि की अनुशंसा सरकार से करेगा। वित्त विभाग ने नियुक्ति के साथ आयोग द्वारा किए जाने वाले कार्यों को अधिसूचित कर दिया है। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि आयोग राज्य द्वारा संग्रहित करों, शुल्क करों की पंचायत और नगरीय निकायों के बीच बंटवारे लेकर को अनुशंसा करेगा। साथ ही सहायता अनुदान की राशि भी इसकी अनुशंसा पर ही निर्धारित होगी। आयोग एक अप्रैल से शुरू होने वाली पांच वर्ष कालावधि के लिए पंचायत तथा नगरीय निकायों के वित्तीय हित में राज्यपाल को 31 अक्टूबर तक अपनी सिफारिशे प्रस्तुत करेगा।
