
झांसी. अपने रिटायरमेंट के दिन एक रेलकर्मी ने आत्महत्या कर ली। घटना से पूरे कर्मचारियों में शोक की लहर दौड़ गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। घटना झांसी की है.
मालगाड़ी से कटकर दी जान
घटना प्रेमनगर थाना क्षेत्र की है। यहां रहने वाले छोटे लाल यादव वैगन मरम्मत वर्कशॉप के प्रोग्रेस विभाग में सीनियर टेक्नीशियन के पद पर कार्यरत थे। 28 फरवरी को उनकी रेल सेवा का अंतिम दिन था और इसी दिन उनका रिटायरमेंट होना था। वह सुबह करीब 4:30 बजे ही वर्कशॉप पहुंच गए थे, जबकि उनकी ड्यूटी सुबह 8 बजे से थी। करीब 5 बजे शंटिंग यार्ड में एक मालगाड़ी आई। इंजन निकलने के बाद वह अचानक पटरी पर जाकर पेट के बल लेट गए और डिब्बे के नीचे सिर रख दिया। इससे पहले साथी कर्मचारी उन्हें बचा पाते, वैगन के दो पहिये उनकी गर्दन के ऊपर से गुजर गए, जिससे उनका सिर धड़ से अलग हो गया। सहकर्मियों ने तुरंत गाड़ी रुकवाई और अधिकारियों को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया।
एक दिन पहले बांटी थी मिठाई
हैरानी की बात यह है कि शुक्रवार को छोटे लाल यादव बेहद खुश नजर आए थे। उन्होंने अपने रिटायरमेंट की खुशी में साथियों और अधिकारियों को मिठाई बांटी थी और पार्टी में आने का निमंत्रण भी दिया था। सहकर्मियों के मुताबिक वह काम के दौरान काफी उत्साहित थे और बार-बार कह रहे थे कि अब वह सेवा पूरी कर घर जाएंगे।
बोले थे-सात हजार का सूट पहनकर जाऊंगा
स्टाफ ने बताया कि उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा था कि रिटायरमेंट के दिन वह सूट पहनकर वर्कशॉप से निकलेंगे। उन्होंने बताया था कि पार्टी के लिए सात हजार रुपये का कोट-पैंट सिलवाया है। उनकी बातों से कहीं भी तनाव या परेशानी का अंदेशा नहीं लग रहा था। इसी वजह से उनके इस कदम से सभी कर्मचारी स्तब्ध हैं।
तीन घंटे पहले ही पहुंच गए थे ड्यूटी
जानकारी के अनुसार शुक्रवार को उनकी ड्यूटी दोपहर 2 बजे से रात 10 बजे तक थी। शनिवार को सुबह 8 बजे उन्हें अंतिम बार ड्यूटी पर आना था, लेकिन वह निर्धारित समय से करीब तीन घंटे पहले ही वर्कशॉप पहुंच गए थे। घटना के पीछे क्या कारण रहा, इसका फिलहाल खुलासा नहीं हो सका है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और परिजनों व सहकर्मियों से पूछताछ की जा रही है।