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जबलपुर की सुरक्षा संस्थानों ने किया 4622 करोड़ का उत्पादन, ओएफके ने किया 2450 करोड़ का प्रोडक्शन, जीसीएफ-वीएफजे ने बनाया रिकार्ड

 

जबलपुर। जबलपुर में केंद्रीय सुरक्षा संस्थानों ने इस वर्ष रिकार्ड उत्पादन किया है। चारों निर्माणियों ने 4622 करोड़ रुपए का इस वित्तीय वर्ष में उत्पादन किया है। सेना के लिए गोला बारुद, बम बनाने वाले देश की सबसे बड़ी सुरक्षा संस्थान आयुध निर्माणी खमरिया ने जहां उत्पादन में लक्षय को अचीव करते हुए अधिक उत्पादन किया है।
                                 वहीं गन कैरिज फैक्ट्री और व्हीकल फैक्ट्री जबलपुर ने 1000 करोड़ से अधिक का प्रोडक्शन किया है। ओएफके के मुख्य महाप्रबंधक शैलेश वगेरवाल ने टारगेट से अधिक माल बनाने पर अधिकारी और कर्मचारियों को बधाई दी है। जीसीएफ फैक्ट्री ने 32 गनों का प्रोडक्शन कर पहली बार 1000 करोड़ के क्लब में शामिल हो गया है। इससे पहले ओएफके ने 2025.26 में 2417 करोड़ का टारगेट पार कर 2450 करोड़ का उत्पादन किया हैए जो कि अब तक का सबसे बड़ा प्रोडक्शन है। व्हीकल फैक्ट्री जबलपुर भी इन निर्माणीयों के साथ चलते हुए 10 साल के बाद 1056 करोड़ का उत्पादन किया है। आपरेशन सिंदूर के बाद आयुध निर्माणियों में प्रोडक्शन को लेकर अधिकारी.कर्मचारी सभी गंभीर थे। साल भर में कभी भी फैक्ट्रियों को कच्चे माल की कमी नहीं पड़ी। आयुध निर्माणी खमरिया ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में निर्धारित 2417 करोड़ रुपए के उत्पादन लक्ष्य को पार करते हुए 2450 करोड़ रुपए से अधिक का उत्पादन कर ऐतिहासिक उपलब्धि प्राप्त की है। इस उपलब्धि के पीछे संस्थान के अधिकारियों, कर्मचारियों तथा सभी सहयोगी इकाइयों के सामूहिक प्रयास और समर्पण की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप उत्पादन कार्यों को समयबद्ध रूप से पूरा करते हुए संस्थान ने 100 प्रतिशत लक्ष्य प्राप्ति सुनिश्चित की है। ओएफके के मुख्य महाप्रबंधक शैलेश वगेरवाल कि आने वाले समय में भी आयुध निर्माणी खमरिया इसी उत्साह और समर्पण के साथ राष्ट्र की रक्षा आवश्यकताओं की पूर्ति में अपना महत्वपूर्ण योगदान देती रहेगी।
109 टैंक गन का निर्माण किया

जीसीएफ फैक्ट्री ने वित्तीय वर्ष 2025-2026 के दौरान रिकार्ड 1036 करोड रुपए का उत्पादन किया है। निर्माणी ने वित्त वर्ष के दौरान 109 संख्या में टैंक गन का निर्माण कियाए इसके अतिरिक्त 129 करोड़ के उच्चतम स्पेयर्स सेना को सौंपे हैं। जबलपुर की व्हीकल फैक्ट्री ने तकरीबन 10 साल के बाद 1000 करोड़ का आंकड़ा पार किया है। जनसंपर्क अधिकारी हर्ष भटनागर ने बताया की फैक्ट्री ने 1509 एलपीटीए, 1248 स्टेलियन, 592 वाटर ब्राउजऱ और 14 सारंग गन का उत्पादन किया है। आयुध निर्माणी जबलपुर अपने 80 करोड़ रुपए के टारगेट को पूरा करने में कामयाब रही है। यहां पर ढाई सौ किलो एयर बॉडी और लिफ्टिंग प्लग का उत्पादन किया है।   


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