जबलपुर. रेलवे बोर्ड ने सभी जोन के गैर राजपत्रित कर्मचारियों को अपनी अचल संपत्ति का विवरण अनिवार्य रूप से देने के निर्देश दिए हैं। ग्रुप सी के कर्मचारियों को अपनी संपत्ति का वार्षिक विवरण देना होगा, जो पहली नियुक्ति के तीन महीने के भीतर और हर साल जनवरी में जमा करना होगा।
रेलवे बोर्ड ने पश्चिम मध्य रेलवे सहित सभी जोन के गैर राजपत्रित कर्मचारियों को अपनी अचल संपत्ति का विवरण अनिवार्य रूप से देने का निर्देश जारी किया है. बोर्ड ने अपने आदेश संख्या 19/2026 में कहा गया है कि रेलवे सेवक अपने नाम, परिवार के नाम या किसी अन्य व्यक्ति के नाम पर मौजूद अचल संपत्ति की जानकारी तय प्रारूप में विभाग को देंगे.
इन कर्मचारियों को देना होगा जानकारी
आदेश में कहा गया है कि जिन ग्रुप सी के ऐसे पर्यवेक्षक कर्मचारी, जिनका ग्रेप पे 4600 या उससे अधिक है, उन्हें अपनी विरासत में मिली, खरीदी गई, लीज/मार्गेज पर ली गई अचल संपत्ति का वार्षिक विवरण देना होगा.
पहली नियुक्ति के 3 माह के अंदर और हर साल जनवरी में जमा करना जरूरी
आदेश में कहा गया है कि यह विवरण पहली नियुक्ति के तीन महीने के अंदर तथा इसके बाद हर वर्ष जनवरी महीने में जमा करना जरूरी होगा.
वाणिज्य विभाग के टीटीई सहित इन कर्मचारियों को भी देना होगी जानकारी
रेलवे बोर्ड के आदेश में वाणिज्य विभाग के कर्मचारी भी निशाने पर हैं. विभाग के कुछ वर्गों जैसे रिजर्वेशन क्लर्क, पार्सल क्लर्क, टीटीई और टीसी को भी नियुक्ति के समय संपत्ति का विवरण देना हेगा. साथ ही पदोन्नति के समय तथा सेवानिवृत्ति से लगभग 2 वर्षों पूर्व पहले पेंशन संबंधी दस्तावेज जमा करते समय भी संपत्ति का विवरण देना आवश्यक होगा. कर्मचारी अचल संपत्ति रिटर्न (आईपीआर) तय प्रारूप में जमा करेंगे.
