तेंदुए की मौजूदगी की खबर पाकर वन विभाग की रेस्क्यू टीम तत्काल मौके पर पहुंची और घेराबंदी शुरू की
जबलपुर। जबलपुर स्थित वाइल्ड लाइफ फॉरेंसिक साइंस इंस्टीट्यूट में नरसिंहपुर से उपचार के लिए लाए गए एक तेंदुए के पिंजरे से बाहर निकलने के कारण गुरुवार को क्षेत्रीय नागरिकों और अस्पताल परिसर में हड़कंप की स्थिति निर्मित हो गई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार नरसिंहपुर क्षेत्र से इस घायल तेंदुए को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जबलपुर स्थानांतरित किया गया था। पशु चिकित्सालय के परिसर में रहने के दौरान मानवीय त्रुटि या तकनीकी खराबी के कारण पिंजरे का दरवाजा खुला रह गया, जिससे तेंदुआ बाहर निकल आया। वन्य प्राणी के खुले में घूमने की सूचना मिलते ही शहरवासियों में भारी दहशत फैल गई और सुरक्षा की दृष्टि से सतर्कता बढ़ा दी गई। तेंदुए की मौजूदगी की खबर पाकर वन विभाग की रेस्क्यू टीम तत्काल मौके पर पहुंची और घेराबंदी शुरू की। विशेषज्ञों की टीम ने सूझबूझ का परिचय देते हुए पशु चिकित्सालय के दायरे में ही तेंदुए को सफलतापूर्वक रेस्क्यू कर दोबारा सुरक्षित रूप से पकड़ लिया। राहत की बात यह रही कि इस पूरी घटना के दौरान तेंदुआ परिसर से बाहर मुख्य सड़कों तक नहीं पहुंचा और समय रहते उसे काबू में कर लिया गया। वन विभाग के अधिकारियों ने पुष्टि की है कि तेंदुआ अब पूरी तरह से विभाग की निगरानी में है और उसका उपचार सुचारू रूप से जारी है।
जनता अफवाहों पर ध्यान न दे
पशु चिकित्सालय के चिकित्सकों ने स्थानीय जनता से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और न ही भयभीत हों। डॉक्टरों के अनुसार तेंदुए को सुरक्षित तरीके से पकड़ लिया गया है और अब स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। फिलहाल वन्य प्राणी की सेहत पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है और सुरक्षा मानकों को भी कड़ा कर दिया गया है ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा उत्पन्न न हो। वाइल्ड लाइफ फॉरेंसिक साइंस इंस्टीट्यूट के विशेषज्ञ तेंदुए के स्वास्थ्य की निरंतर जांच कर रहे हैं।
